Growth and development (hdi)
📖 इन तीनों अर्थशास्त्रियों के योगदान को शुरू से अंत तक, सरल भाषा में, कोई बात बिना छोड़े समझाता हूँ।
1950-1980 तक देशों के विकास का पैमाना सिर्फ GNP (Gross National Product) या GDP per capita हुआ करता था।
समस्या: GDP बताती थी कि देश में कितना उत्पादन हुआ, लेकिन यह नहीं बताती थी:
- लोग कितने स्वस्थ हैं
- कितने पढ़े-लिखे हैं
- जीवन की गुणवत्ता क्या है
उदाहरण: एक देश की GDP बहुत ऊँची हो सकती है, लेकिन वहाँ गरीबी, अशिक्षा, और कम जीवन प्रत्याशा हो सकती है।
🎓 1. Amartya Sen – क्षमता दृष्टिकोण (Capability Approach)
🎯 Nobel Prize: 1998 | प्रसिद्ध पुस्तक: Poverty and Famines (1981)
मुख्य प्रश्न:
"विकास का असली मतलब क्या है?"
Sen का उत्तर:
विकास का मतलब सिर्फ आय बढ़ाना नहीं है, बल्कि लोगों की क्षमताओं (Capabilities) का विस्तार करना है।
| अवधारणा | सरल अर्थ |
|---|---|
| Functionings (क्रियाएँ) | एक व्यक्ति क्या कर सकता है या क्या बन सकता है। जैसे – स्वस्थ रहना, पढ़ना, सम्मान से जीना, प्रेम करना, भाग लेना। |
| Capabilities (क्षमताएँ) | वे असली अवसर जो व्यक्ति को अपनी Functionings को चुनने के लिए मिलते हैं। जैसे – स्कूल जाने का अवसर, डॉक्टर के पास जाने का अवसर। |
| Agency (एजेंसी) | व्यक्ति की अपने जीवन के लक्ष्य खुद तय करने और उन्हें पाने की ताकत। |
यानी – यदि कोई व्यक्ति पढ़ नहीं सकता, इलाज नहीं करा सकता, या भूखा सोता है – तब भले ही उसकी आय थोड़ी बढ़ जाए, वह सच में गरीब है।
- पहले लोग सोचते थे कि अकाल (Famine) सिर्फ भोजन की कमी से होता है।
- Sen ने दिखाया: अकाल भोजन की अनुपलब्धता से नहीं, बल्कि कुछ लोगों की खरीदने की क्षमता (Entitlement) छिनने से होता है।
- उदाहरण: बंगाल का अकाल 1943 – उस समय अनाज था, लेकिन मजदूरों की मजदूरी गिर गई, उनके पास अनाज खरीदने के अधिकार नहीं रहे।
🌍 2. Mahbub-ul-Haq – HDI का विचार और राजनयिक नेतृत्व
🎯 पहली Human Development Report (1990) – UNDP
Haq क्या चाहते थे?
"मनुष्य को सभी विकास मॉडलों के केंद्र में रखा जाना चाहिए।"
- उन्होंने Human Development Index (HDI) का राजनीतिक और वैचारिक नेतृत्व किया।
- UN Development Programme (UNDP) के तहत पहली Human Development Report (1990) लाई।
- इस रिपोर्ट में HDI को GDP के विकल्प के रूप में पेश किया।
- Sen ने Capability Approach का सिद्धांत दिया।
- Haq ने उस सिद्धांत को वैश्विक सूचकांक (HDI) में बदलने का राजनीतिक और संस्थागत काम किया।
- Haq मानते थे कि सिर्फ एक सूचकांक बनाना काफी नहीं – उसे हर साल रिपोर्ट के रूप में प्रकाशित करके दबाव बनाना होगा, ताकि सरकारें बदलें।
📐 3. Meghnad Desai – HDI का गणितीय सूत्र (Mathematical Formulation)
- Sen का सिद्धांत और Haq का विचार – उन्होंने दोनों को सरल, मापने योग्य गणितीय सूत्र में ढाला।
- यदि Desai ने यह सूत्र नहीं बनाया होता, तो HDI इतना लोकप्रिय नहीं हो पाता।
| आयाम | क्या मापता है? | संकेतक (Indicator) |
|---|---|---|
| 1. लंबा और स्वस्थ जीवन | स्वास्थ्य | जन्म के समय जीवन प्रत्याशा (Life Expectancy at Birth) |
| 2. ज्ञान | शिक्षा | औसत स्कूली शिक्षा के वर्ष + अपेक्षित स्कूली शिक्षा के वर्ष |
| 3. सभ्य जीवन स्तर | आय | GNI per capita (PPP में) |
चरण 1 – प्रत्येक संकेतक को सामान्यीकरण (Normalization):
उदाहरण – जीवन प्रत्याशा:
- Minimum = 20 वर्ष (मान लिया गया)
- Maximum = 85 वर्ष
- किसी देश की जीवन प्रत्याशा = 65 वर्ष
- Index = (65-20)/(85-20) = 45/65 = 0.692
चरण 2 – तीनों आयामों का ज्यामितीय माध्य (Geometric Mean):
ज्यामितीय माध्य क्यों? – ताकि किसी एक आयाम में बहुत कम अंक आने पर HDI अपने आप गिर जाए। यानी केवल अमीर होना काफी नहीं।
- HDI को प्रति वर्ष रिपोर्ट में शामिल करने की तकनीकी विधि विकसित की।
- बाद में Inequality-adjusted HDI (IHDI) और Gender Development Index जैसे सूचकांकों की नींव रखी।
🔗 4. इन तीनों का आपसी संबंध – एक तालिका में पूरा चित्र
| व्यक्ति | भूमिका | मुख्य कार्य | उदाहरण/वाक्य |
|---|---|---|---|
| Amartya Sen | सिद्धांतकार (Theorist) | Capability Approach – विकास का दार्शनिक आधार | "गरीबी = क्षमताओं का अभाव" |
| Mahbub-ul-Haq | नेता व राजनयिक (Leader & Diplomat) | HDI का राजनीतिक प्रवर्तन, UNDP रिपोर्ट की शुरुआत | "मनुष्य को केंद्र में रखो" |
| Meghnad Desai | गणितकार (Mathematician/Econometrician) | HDI को मापने योग्य सूत्र दिया | ज्यामितीय माध्य, सामान्यीकरण सूत्र |
- Sen और Haq 1970-80 के दशक में लंदन स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स (LSE) में साथ काम कर चुके थे।
- Haq ने UNDP में Sen को सलाहकार बनाया।
- Desai ने तकनीकी सहायता दी और पहली Human Development Report (1990) का सूत्र लिखा।
⚠️ 5. HDI की सीमाएँ – क्या छूट गया? (अतिरिक्त जानकारी)
| सीमा | विवरण |
|---|---|
| असमानता नहीं मापता | HDI बताता है औसत, लेकिन अंदर की जाति, लिंग, क्षेत्रीय असमानता छुपी रहती है |
| पर्यावरणीय क्षति नहीं दिखता | उच्च HDI वाला देश पर्यावरण नष्ट कर रहा हो, यह नहीं पकड़ा जाता |
| संस्कृति, राजनीतिक स्वतंत्रता, खुशी – शामिल नहीं | बाद में Sen ने कहा कि ये भी महत्वपूर्ण क्षमताएँ हैं |
| Desai के सूत्र में Minimum-Maximum मान बदलते रहे | उदाहरण – 2010 से पहले शिक्षा का सूत्र बदला गया, इससे देशों के HDI तुलना मुश्किल हुई |
📊 6. पूरक अवधारणाएँ – जो इन तीनों के काम से जुड़ी हैं (वैकल्पिक)
- Inequality-adjusted HDI (IHDI) – असमानता घटाने पर HDI गिरता है।
- Gender Inequality Index (GII) – महिलाओं की प्रजनन स्वास्थ्य, सशक्तीकरण और श्रम बाजार।
- Multidimensional Poverty Index (MPI) – शिक्षा, स्वास्थ्य, जीवन स्तर में एक साथ अभाव (Alkire-Foster विधि, Sen से प्रेरित)।
- Human Poverty Index (HPI) – Haq के समय बना था, बाद में बदल दिया गया।
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